Fg Off Nirmal Jit Singh Sekhon
PARAM VIR CHAKRA (Posthumous)
Award
PARAM VIR CHAKRA
Year of Award
1972
Service No.
10877
Father's Name
S. Tarlok Singh
Mother's Name
Smt Harbans Kaur
Domicile
Ludhiana, Punjab

Citation

फ्लाइंग अफसर निर्मल जीत सिंह सेखों पाकिस्तानी हवाई हमलों से घाटी की हवाई सुरक्षा करने के लिए श्रीनगर में तैनात नैट टुकड़ी के पायलट थे। दुष्मन का हमला होते ही इन्होंने और इनके साथियों ने नैट वायुयान की साख कायम रखते हुए बड़ी बहादुरी और दृढ़ता के साथ पाकिस्तानी वायुयानों के एक के बाद एक किए जा रहे हमलों का लगातार मुहंतोड़ जवाब दिया। 14 दिसंबर 1971 को श्रीनगर एयरफील्ड पर दुष्मन के छह सेबर वायुयानों ने हमला कर दिया। फ्लाइंग अफसर सेखों उस समय ड्यूटी के लिए तैयार थे। उसी समय, दुष्मन के कम से कम छह वायुयान ऊपर उड़ान भरने लगे और उन्होंने एयरफील्ड पर बमबारी और गोलाबारी षुरू कर दी। हमले के दौरान उड़ान भरने में जान का भारी खतरा होने के बावजूद, फ्लाइंग अफसर सेखों ने उड़ान भरी और तत्परता से दो हमलावर सेबर वायुयानों पर निषाना लगा दिया। इस लड़ाई में ये एक वायुयान पर हमला करते रहे और दूसरे वायुयान को आग के हवाले कर दिया। तभी एक अन्य सेबर वायुयान बड़ी मुसीबत में फंसे अपने साथियों की मदद को आगे आया और फ्लाइंग अफसर सेखों का नैट वायुयान फिर से अकेला पड़ गया, इस बार एक का मुकाबला चार के साथ था। फ्लाइंग अफसर सेखों ने अकेले होने के बावजूद इस बेमेल मुकाबले में दुष्मन को उलझाए रखा। पेड़ जितनी ऊंचाई पर लड़ी गई आगे की लड़ाई में, दुष्मन की संख्या अधिक होने के बावजूद इन्होंने स्वयं को संभालने का भरसक प्रयास किया परंतु इनका वायुयान दुर्घटनाग्रस्त हो गया और इस लड़ाई में ये षहीद हो गए। 

फ्लाइंग अफसर सेखों ने मौत का सामना करते हुए अपने असाधारण षौर्य, अदम्य साहस, उड़ान कौषल, दृढ़ निष्चय और इन सबसे अधिक अपनी उल्लेखनीय कर्त्तव्यपरायणता का परिचय देते हुए वायु सेना की परंपराओं को नई ऊंचाइयों पर पहंुचा दिया।

 

Fg Off Nirmal Jit Singh Sekhon